देश में उपराष्ट्रपति पद के मतदान प्रधानमंत्री मोदी ने इस चुनाव में सबसे पहले वोट डाला इसके बाद से तमाम दलों के सांसदों की तरफ से वोट डाले जा रहे हैं।

नई दिल्ली ; पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ के अचानक इस्तीफा देने के बाद खाली हुए उपराष्ट्रपति पद के लिए मतदान आज किया जा रहा है। इस चुनाव में सत्ताधारी दल एनडीए की तरफ से सीपी राधाकृष्णन और विपक्ष गठबंधन इंडिया की तरफ से सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज बी. सुदर्शन रेड्डी के बीच मुकाबला है। इस कड़ी में तमाम दलों के सांसदों और नामित सांसदों की तरफ से वोट डाले जा रहे हैं। जगदीप धनखड़ ने 21 जुलाई को, मानसून सत्र के पहले दिन, स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए उपराष्ट्रपति पद से इस्तीफ़ा दे दिया था। उस दिन से ही वे सार्वजनिक जीवन से दूरी बनाए हुए हैं।

भारत के उपराष्ट्रपति का चुनाव
भारत में उपराष्ट्रपति पद का चुनाव हर पांच वर्ष में होता है। उपराष्ट्रपति, राज्यसभा के पदेन सभापति भी होते हैं। इस चुनाव में संसद के दोनों सदनों, लोकसभा और राज्यसभा, के निर्वाचित और नामित सदस्य मतदान करते हैं। चुनाव गुप्त मतदान द्वारा और एकल संक्रमणीय मत प्रणाली (सिंगल ट्रांसफरेबल वोट) से कराया जाता है। निर्वाचन आयोग इसकी प्रक्रिया संचालित करता है। जीतने वाले उम्मीदवार को वैध मतों का बहुमत प्राप्त करना जरूरी होता है।