मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने क्रिसमस और नव वर्ष के जश्न के मद्देनजर कोरोना संक्रमण के प्रसार को देखते हुए प्रदेश में सख्ती बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। संक्रमण को मात देने के लिए सजगता के साथ सतर्कता जरूरी है।
लखनऊ, देश में कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण के साथ ही नए वैरिएंट ओमिक्रोन पर नियंत्रण रखने के लिए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सजगता तथा सतर्कता का निर्देश दिया है। इतना ही नहीं क्रिसमस तथा नव वर्ष भी भीड़ को भी नियंत्रण में रखने का निर्देश दिया है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने क्रिसमस और नव वर्ष के जश्न के मद्देनजर कोरोना संक्रमण के प्रसार को देखते हुए प्रदेश में सख्ती बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि संक्रमण को मात देने के लिए सजगता के साथ सतर्कता जरूरी है। ऐसे में जिला तथा पुलिस प्रशासन के अधिकारी सार्वजनिक स्थान जैसे शॉपिंग मॉल, सिनेमाघर, होटल, कैफे व भीड़भाड़ वाले स्थानों पर अधिक सतर्कता बरतें। क्रिसमस और नव वर्ष के जश्न में आयोजित होने वाली पार्टियों में कोविड प्रोटोकाल, फिजिकल डिस्टेंसिंग और मास्क अनिवार्य होगा। प्रदेश में कोरोना के डेल्टा व ओमिक्रान वैरिएंट को ध्यान में रखते हुए सभी डीएम को अलर्ट जारी किया जा चुका है।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने बताया कि उत्तर प्रदेश की सभी सीमाओं पर सुरक्षा और सतर्कता के दायरे को बढ़ाते हुए प्रदेश में आने वाले हर यात्री की जांच पर जोर दिया जा रहा है। प्रदेश के हर निवासी को नए वायरस के प्रकोप से बचाने के लिए तेजी से टीकाकरण किया जा रहा है। ऐसे में प्रदेश में स्वास्थ्य विशेषज्ञों की टीम के सुझावों को ध्यान में रखते हुए सरकारी और गैर सरकारी अस्पतालों में नई गाइडलाइन के तहत सभी इंतजामों को पुख्ता करने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रदेश सरकार टीकाकरण पर दे रही विशेष जोर
कोरोना संक्रमण के नए वैरिएंट के खिलाफ टीकाकरण एक महत्वपूर्ण हथियार है। ऐसे में प्रदेश सरकार सभी वांछित को जल्द से जल्द टीका कवच देने के लिए प्रतिबद्ध है। इसके लिए यूपी में टीकाकरण की रफ्तार को बढ़ाने पर सरकार जोर दे रही है। प्रदेश सरकार के प्रयासों के सफल परिणाम देखने को मिल रहे हैं। दूसरों प्रदेशों की तुलना में अब तक 19 करोड़ से अधिक टीकाकरण कर उत्तर प्रदेश सर्वाधिक टीकाकरण करने में देश में पहले पायदान पर है। उत्तर प्रदेश में 19 करोड़ से अधिक लोगों का टीकाकरण किया जा चुका है। वहीं तेलागंना में चार करोड़ से अधिक, राजस्थान में सात करोड़ से अधिक, महाराष्ट्र में 12 करोड़ से अधिक, असम में तीन करोड़ से अधिक और दिल्ली में दो करोड़ से अधिक ही टीकाकरण हो पाया है।

