सजा काट रहे आसाराम बापू ने बुधवार को रामलला के दर्शन किए और कहा कि तीर्थ यात्रा करने से लोगों का कल्याण होता है।
अयोध्या ; आसाराम बापू ने बुधवार को रामलला के दरबार में हाजिरी लगाई वे मंगलवार की देर शाम अयोध्या पहुंचे और मां सरयू के तट पर पूजा-अर्चना की मां सरयू की महाआरती में भी शामिल हुए उन्होंने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि भारत में कई ऐसे तीर्थ स्थान हैं, जहां प्राण त्यागने या जाने मात्र से मनुष्य का कल्याण होता है। शास्त्रों में सात मोक्षदायी स्थान बताए गए हैं। इनमें अयोध्या, मथुरा, माया यानी हरिद्वार, काशी, कांची,अवंतिका और पुरी हैं। मानव शरीर में वात, कफ और पित्त तीन दोष होते हैं और तीर्थस्थलों पर जाने से इन दोषों का प्रभाव कम होता है। शास्त्रों में अयोध्या का पहला स्थान है। मथुरा में रहने वाला व्यक्ति चाहे साधु के वेश में रहा हो लेकिन साधु का दायित्व न निभाया हो, फिर भी वहां मृत्यु होने पर उसे नरक नहीं जाना पड़ता है। इससे पहले बुधवार की सुबह उन्होंने आद्य शंकराचार्य द्वार से राम मंदिर में प्रवेश किया रामलला के दर्शन-पूजन किए करीब 30 मिनट तक वे राम मंदिर में रहे मंदिर निर्माण प्रभारी गोपाल राव ने उन्हें मंदिर निर्माण के कार्यों की जानकारी दी।

